सुंदरता पर चार चाँद लगाने के बहुत पहले से मुल्तानी मिट्टी का प्रयोग प्रचलित है। आज यह मिट्टी एक सौंदर्य प्रसाधन के रूप में जानी जाती है। मुल्तानी मिट्टी बहुत गुणकारी होती है, सौंदर्य प्रसाधन के रूप इसका प्रयोग कई प्रकार से किया जा सकता है। आइए इस लेख के ज़रिए जानते हैं कि इसका प्रयोग करके आप अपनी सुंदरता और निखार को किस-किस तरह बढ़ा सकते हैं।

मुल्तानी मिट्टी स्किन केयर

मुल्तानी मिट्टी के लाभ

चेहरे और त्वचा के निखार के लिए

– मुल्तानी मिट्टी का लेप चेहरे पर लगाने से निखार तो आता ही है साथ ही मुँहासे भी कम निकलते हैं।

– यदि आप धूप में बहुत ज़्यादा निकलते हैं तो धूप आपकी त्वचा को झुलसा सकती है। इसे गुलाब जल या फिर टमाटर के रस में मिलाकर लगाने से त्वचा सुंदर और स्वस्थ रहती है।

– यदि आप चेहरे के रोम छिद्र साफ़ करना चाहते हैं जिससे आपके चेहरे पर मुँहासे न निकलें तो इसके लिए आप इसके साथ सूखे संतरे के छिलकों का पाउडर और जई का आटा मिलाकर फ़ेस पैक बना लें। इस फ़ेस पैक का प्रयोग चेहरे व गर्दन पर समान रूप से करें। इससे आपको काफी लाभ होगा।

– तेलीय या ऑयली त्वचा के लिए आधा चम्मच मुल्तानी मिट्टी, आधा चम्मच चंदन पाउडर, 4-5 बूँद नींबू के रस और थोड़ा गुलाब जल मिलाकर फ़ेसपैक बनायें और चेहरे पर 15-20 मिनट तक लगायें फिर पानी से मुँह धो लें। इससे त्वचा का अतिरिक्त तेल समाप्त हो जायेगा।

– ऑयली त्वचा वालों के लिए इसका एक और नुस्खा है, जिसमें मुल्तानी मिट्टी में दही और पुदीने की पत्तियों का पाउडर मिलाकर फेस पैक बनाया जाता है। इस फेस पैक को चेहरे पर लगाने से आधे घंटे पहले तैयार करें। इस फ़ेस पैक को चेहरे व गर्दन पर एक समान रूप से लगाएँ । जब चेहरे और गर्दन पर लगा फ़ेस पैक सूख जाये तो गुनगुनाने पानी से चेहरे और गर्दन को अच्छे से साफ़ कर लें। इससे ऑयली त्वचा को आसानी से चिकनाई रहित रखा जा सकता है।

अन्य उपाय

– यदि आपकी त्वचा रूखी है तो मुल्तानी मिट्टी और चंदन पाउडर का लेप बनाकर चेहरे पर लगायें। इससे चेहरे की त्वचा में नमी बनी रहेगी।

– यदि आपके चेहरे पर अधिक मुँहासे निकलते हैं तो इस मिट्टी में टमाटर और पुदीने का रस मिलाकर लेप तैयार करके नियमित रूप से चेहरे पर लगाना चाहिए। इससे मुँहासे कम हो जायेंगे और उनके दाग़ भी जाते रहेंगे।

– साबुन के प्रयोग से त्वचा रूखी हो सकती है, ऐसे में मुल्तानी मिट्टी, चंदन पाउडर और गुलाब जल का लेप स्नान से आधे घंटे पहले पूरे शरीर पर लगाने से कुछ दिनों में आपकी त्वचा खिल-खिल उठेगी।

– यदि आपकी त्वचा टैन हो रही है तो मुल्तानी मिट्टी में नारियल पानी और चीनी मिलाकर लेप तैयार करें। इस लेप को चेहरे पर समान रूप से चेहरे पर लगायें और साफ़ पानी से धो लें इससे टैनिंग कम हो जायेगी।

– जिन लोगों को पिगमेंटेशन की समस्या है उनके लिए भी यह बहुत लाभकारी है। मुल्तानी मिट्टी, आलू का रस, नींबू का रस और शहद मिलाकर लेप तैयार करें और इसका प्रयोग नियमित रूप से करें। ऐसा करने से आपको पिगमेंटेशन से छुटकारा मिल जायेगा।

मुल्तानी मिट्टी हेयर केयर

बालों की देखभाल के लिए

– मुल्तानी मिट्टी त्वचा पर नहीं बल्कि आपके बालों के लिए भी लाभकारी है। मुल्तानी मिट्टी बालों पर लगाने से बाल घने, मुलायम और काले रहते हैं।

– मुल्तानी मिट्टी में खट्टी छाछ मिलाकर बाल धोने से बाल नर्म और चमकदार हो जाते हैं।

– लगभग 100 ग्राम मुल्तानी को 2 घंटे तक पानी में भिगोये ताकि वह पानी में पूरी तरह घुल जाए। अब इस घोल से अपने बालों को धीरे-धीरे रगड़कर धोयें, लगभग पाँच मिनट तक ऐसा करना होगा। सप्ताह में दो बार मुल्तानी मिट्टी से बाल धोने से बाल लम्बे, घने, रेशमी और मुलायम हो जाते हैं।

फोड़े फुँसी के इलाज में

– यदि किसी को बड़ा फोड़ा निकल आये तो मुल्तानी मिट्टी की पट्टी बाँधनी चाहिए क्योंकि यह उसे पकाकर निचोड़ देती है जिससे कील बाहर आ जाती है और फिर घाव भी बहुत जल्दी भर जाता है।